बेमेतरा (छत्तीसगढ़)। बेमेतरा जिले के सेमरिया सतनामी पारा गांव में एक युवक पर कथित रूप से धारदार हथियार और लोहे की रॉड से जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। पीड़िता लक्ष्मी जांगड़े ने आरोप लगाया है कि 31 जुलाई 2026 को गांव में हुए विवाद के दौरान उनके पति किशन जांगड़े बीच-बचाव करने पहुंचे थे, लेकिन इसी दौरान कुछ लोगों ने उन पर हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है, जबकि घायल का अस्पताल में उपचार जारी है।
पीड़िता के अनुसार घटना उस समय हुई जब गांव में टेम्पो साहू का किसी अन्य व्यक्ति से विवाद चल रहा था। उनका कहना है कि उनके पति किशन जांगड़े केवल झगड़ा शांत कराने और दोनों पक्षों के बीच समझौता कराने पहुंचे थे। आरोप है कि इसी दौरान टेम्पो साहू, विनोद तथा उनके परिजनों ने मिलकर किशन जांगड़े पर धारदार हथियारों और लोहे की रॉड से हमला कर दिया। पीड़िता का दावा है कि हमले में उनके पति के सिर सहित शरीर के कई हिस्सों पर गंभीर चोटें आईं और सिर पर तीन टांके लगाने पड़े।
लक्ष्मी जांगड़े ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने उनके पति की बेरहमी से पिटाई की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उनका कहना है कि किशन जांगड़े पेशे से ड्राइवर हैं और परिवार की आजीविका का एकमात्र सहारा हैं। घटना के बाद परिवार आर्थिक और मानसिक संकट से गुजर रहा है। चार छोटे-छोटे बच्चों की जिम्मेदारी अब अकेले लक्ष्मी पर आ गई है, जबकि वह अस्पताल में पति का इलाज भी करा रही हैं।
पीड़िता का यह भी आरोप है कि जिन लोगों पर हमला करने का आरोप है, वे गांव में पहले भी कई लोगों के साथ मारपीट और दबंगई कर चुके हैं। उनका दावा है कि प्रभाव और पैसे के बल पर ऐसे मामलों में बच निकलने की कोशिश की जाती है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। पीड़िता ने प्रशासन और पुलिस से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
फिलहाल मामले में पुलिस की ओर से आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। शिकायत के आधार पर जांच के बाद ही घटना के सभी तथ्य स्पष्ट होंगे। पुलिस जांच और न्यायालय के अंतिम निर्णय तक सभी आरोप आरोप मात्र हैं



