पीपीएफ स्कीम में आप एक वित्त वर्ष में कम से कम 500 रुपये और ज्यादा से ज्यादा 1.50 लाख रुपये जमा कर सकते हैं।
पीपीएफ यानी पब्लिक प्रोविडेंट फंड एक सरकारी बचत योजना है। पीपीएफ किसी भी सरकारी बैंक या डाकघर में खोले जा सकते हैं। इनके अलावा, कुछ चुनिंदा प्राइवेट बैंकों में भी पीपीएफ खाता खोलने की सुविधा मिलती है। पीपीएफ एक सरकारी स्कीम है, लिहाजा इस पर केंद्र सरकार का ही पूरा कंट्रोल होता है। आप चाहे कहीं भी पीपीएफ खाता खुलवाएं, आपको सभी जगह एक जैसा ही ब्याज मिलेगा। यहां हम जानेंगे कि डाकघर में पीपीएफ स्कीम पर कितना ब्याज मिल रहा है और ये स्कीम कितने साल में मैच्यॉर होती है?
PPF स्कीम पर कितना मिल रहा है ब्याज
डाकघर की वेबसाइट से मिली जानकारी के मुताबिक, पीपीएफ खाते पर अभी 7.1 प्रतिशत का ब्याज मिल रहा है। पीपीएफ स्कीम में आप एक वित्त वर्ष में कम से कम 500 रुपये और ज्यादा से ज्यादा 1.50 लाख रुपये जमा कर सकते हैं। स्कीम के तहत, आपको एक वित्तीय वर्ष में कम से कम एक बार 500 रुपये जमा करने होते हैं। अगर आप एक साल में कम से कम 500 रुपये भी जमा नहीं करते हैं तो आपका खाता बंद हो जाएगा। हालांकि, जुर्माना देकर खाते को फिर से एक्टिव कराया जा सकता है।
पीपीएफ खाते में कैसे जमा होते हैं पैसे
पीपीएफ स्कीम में लोग अपनी सुविधा के अनुसार हर साल एकमुश्त पैसा जमा कर सकते हैं या फिर अधिकतम 12 किस्तों में भी निवेश जारी रख सकते हैं। पीपीएफ खाते में 15 साल तक निवेश करना होता है और 15 साल के बाद आपका खाता मैच्यॉर हो जाता है। अगर आप 15 साल पूरे होने के बाद भी पीपीएफ में निवेश जारी रखना चाहते हैं तो आप 5 साल की अवधि के लिए इसे आगे भी बढ़वा सकते हैं। पीपीएफ खाते के साथ-साथ आपको कई तरह की सुविधाएं भी दी जाती हैं। अगर आपका पीपीएफ खाता चल रहा है तो आपको आसानी से लोन भी मिल सकता है।
पीपीएफ खाते के साथ और क्या सुविधाएं मिलती हैं
पीपीएफ खाते के साथ आपको कई तरह की सुविधाएं भी मिलती हैं। पीपीएफ खाते के साथ आपको आसानी से लोन भी मिल सकता है। पीपीएफ खाता खुलवाने की तारीख से 5 साल तक आप इस खाते से पैसे नहीं निकाल सकते हैं। 5 साल के बाद कुछ खास परिस्थितियों जैसे- गंभीर बीमारी, बच्चों की पढ़ाई के लिए पीपीएफ खाते से पैसे निकाले जा सकते हैं। पीपीएफ खाते से जुड़ी और ज्यादा जानकारी के लिए आप अपने नजदीकी डाकघर से संपर्क भी कर सकते हैं।



