एटा। अवागढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम बरा भोंडेला में प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने के नाम पर कथित तौर पर 35 हजार रुपये मांगने का मामला सामने आया है। गांव निवासी संजय पुत्र अगर सिंह ने ग्राम प्रधान पति और ग्राम सचिव पर गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री एवं प्रशासन से निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि शिकायत करने के बाद उसे और उसके परिवार को लगातार धमकियां दी जा रही हैं।
संजय के मुताबिक वह बेहद गरीब मजदूर है और आर्थिक स्थिति खराब होने के कारण दूसरों के मकान में रहने को मजबूर है। उसने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास के लिए आवेदन किया था, लेकिन आरोप है कि काफी समय बीतने के बावजूद उसका सर्वे नहीं कराया गया। जब उसने आवास के संबंध में ग्राम प्रधान पति रियाजउद्दीन खान और ग्राम सचिव सतेन्द्र यादव से जानकारी मांगी तो कथित तौर पर उससे 35 हजार रुपये की मांग की गई। आरोप है कि रुपये देने पर आवास स्वीकृत कराने और पैसे नहीं देने पर आवास न मिलने की बात कही गई।
शिकायतकर्ता ने गांव में खराब पड़े नलों को लेकर भी अधिकारियों से शिकायत किए जाने का उल्लेख किया है। उसके अनुसार 26 मई 2026 को ग्रामीणों ने विकास खंड अधिकारी अवागढ़ को प्रार्थना पत्र देकर पांच खराब नलों को दुरुस्त कराने की मांग की थी। आरोप है कि शिकायत के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ।
शिकायत के बाद जातिसूचक गाली देने का आरोप
संजय ने अब आरोप लगाया है कि शिकायत के बाद करीब 10 अज्ञात लोगों ने उसके साथ गाली-गलौज की। आरोप है कि उसकी मां के साथ भी जातिसूचक टिप्पणी करते हुए उसे अपमानित किया गया। संजय का कहना है कि इस घटना से वह और उसका परिवार बेहद परेशान और भयभीत है।
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि मुनेश और राजेंद्र नाम के लोग मामले में उसके खिलाफ झूठी गवाही दे रहे हैं। संजय का दावा है कि दस्तावेजों में हस्ताक्षर को लेकर भी गड़बड़ी की गई है। उसके अनुसार 19 तारीख को पढ़ने के नाम पर उससे अंगूठा लगवाया गया और बाद में उसके हस्ताक्षर किए जाने का आरोप है। इन आरोपों की स्वतंत्र जांच की मांग की गई है।
रास्ता घेरने और जान से मारने की धमकी का दावा
संजय का आरोप है कि उसका रास्ता भी कथित तौर पर घेर दिया गया है और उसे धमकाया जा रहा है। शिकायतकर्ता के अनुसार उसे कहा जा रहा है कि अगर वह कहीं काम करने या बाहर जाने की कोशिश करेगा तो उसे जान से मार दिया जाएगा। संजय ने दावा किया कि उसे लगातार धमकियां दी जा रही हैं, जिसके कारण उसका परिवार दहशत में है।
संजय ने मुख्यमंत्री और जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, प्रधानमंत्री आवास योजना में उसकी पात्रता का मौके पर सत्यापन कराने और पात्र होने पर आवास का लाभ दिलाने की मांग की है। साथ ही ग्राम प्रधान पति और ग्राम सचिव पर लगाए गए आर्थिक अनियमितता, धमकी, गाली-गलौज और दस्तावेजों में कथित गड़बड़ी के आरोपों की जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की मांग की है।



