भीलवाड़ा। शहर के आदर्शनगर क्षेत्र में किराये के मकान में रह रही एक महिला ने अपने पति पर लगातार मानसिक प्रताड़ना, जान से मारने की धमकी, नाबालिग बच्चों के अपहरण की धमकी और अश्लील संदेश भेजकर परेशान करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता ने भीमगंज थाना पहुंचकर विस्तृत परिवाद सौंपते हुए आरोपित के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मामले ने घरेलू विवाद से आगे बढ़कर महिला और उसके मासूम बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्रार्थना पत्र के अनुसार आदर्शनगर निवासी सीमा बलाई अपने दो नाबालिग पुत्रों युवराज (14 वर्ष) और मनोज (12 वर्ष) के साथ किराये के मकान में रह रही हैं। महिला का कहना है कि पति बद्रीलाल बलाई द्वारा लगातार मारपीट और प्रताड़ना किए जाने के कारण वह बच्चों के साथ अलग रहने को मजबूर हुई। इस संबंध में महिला थाना भीलवाड़ा में पहले से ही एक मामला विचाराधीन है।
महिला का आरोप है कि महिला थाने में दर्ज मामले को वापस लेने के लिए पति लगातार दबाव बना रहा है। वह अलग-अलग मोबाइल नंबरों से फोन कर मुकदमा वापस लेने की धमकियां देता है। पीड़िता के अनुसार समझाइश के बाद भी आरोपित का रवैया नहीं बदला और उसने खुलेआम कहा कि वह ऐसे मामलों से नहीं डरता तथा मुकदमा वापस नहीं लेने पर गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
पीड़िता ने आरोप लगाया कि पति उसके किराये के मकान के बाहर और गली में बार-बार चक्कर लगाता है। जब भी वह या उसके बच्चे घर से बाहर निकलते हैं तो रास्ता रोककर धमकाता है। महिला का कहना है कि आरोपित ने कई बार जान से मारने की धमकी दी और कहा कि यदि मुकदमा वापस नहीं लिया गया तो उसे कहीं मुंह दिखाने लायक नहीं छोड़ेगा।
परिवाद में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपित लगातार मोबाइल पर गाली-गलौज करता है, अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल करता है तथा व्हाट्सएप पर अश्लील ऑडियो संदेश भेजता है। महिला का कहना है कि उसे सबसे अधिक चिंता अपने दोनों नाबालिग बेटों की सुरक्षा को लेकर है क्योंकि आरोपित ने बच्चों का अपहरण कर लेने तक की धमकी दी है।
महिला के अनुसार 21 जुलाई 2026 को वह अहिंसा सर्कल स्थित सब्जी मंडी में खरीदारी करने गई थी। इसी दौरान आरोपित वहां पहुंच गया और सार्वजनिक स्थान पर उसे रोककर मुकदमा वापस लेने का दबाव बनाया। आरोप है कि उसने दोबारा बच्चों को उठा ले जाने की धमकी दी, जिससे महिला और उसके बच्चे भय के साये में जीने को मजबूर हैं।
पीड़िता ने भीमगंज थाना पुलिस से आरोपित के खिलाफ तत्काल मुकदमा दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई करने, स्वयं और अपने दोनों नाबालिग बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा लगातार मिल रही धमकियों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। मामले की प्रतिलिपि महिला थाना और जिला पुलिस अधीक्षक भीलवाड़ा को भी भेजी गई है।
हालांकि, इस मामले में पुलिस की ओर से समाचार लिखे जाने तक किसी कार्रवाई या आधिकारिक बयान की पुष्टि नहीं हो सकी है। आरोप प्रार्थना पत्र में लगाए गए हैं, जिनकी जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।



